देवास में आबकारी विभाग की लापरवाही से उधड़ा कानून का चीरहरण पार्षद अजय तोमर का बिगुल, 10 दिन का अल्टीमेटम , नहीं सुधरे तो आंदोलन तय

देवास। शहर की शांति को दीमक की तरह चाट रही है पेपरी इजाज़त की दुकान में पेपरी इजाज़त की दुकान में अवैध शराब का व्यापारी बिजनेस फलफूल रहा है। देवास के जिम्मेवार अजय तोमर ने सोमवार को जिला पदाधिकारी को खरी-खरी सुनाते हुए अल्टीमेटम दे दिया, अब दस दिन में कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन की बौखलाहट और उनकी जिम्मेदारी विभाग की होगी!
शहर को शराब के नशे में धुत होकर
शराब पिलाने की व्यवस्था करना एक कानूनी प्रक्रिया है, लेकिन असल में यह अवैध शराब के शौकीन का चोला पहनावे वाला सबसे बड़ा षड्यंत्र बन गया है। आरोप है कि देवास में जगह-जगह ऐसे काले कारनामे प्लांट विभाग की छत्रछाया में हो रहे हैं, जहां से अवैध शराब की बिक्री हो रही है। उन्होंने कहा, शहर में शराब का धंधा अब धड़ल्ले से हो रहा है। जिन मोहल्लों में पहले परिवार की बेटियाँ और औरतें निश्चिंतता की बेवफाई करती थीं, अब वहां शाम होते ही नशेड़ीघाट जमा हो जाते हैं। वार्ड में रोज विवाद, मजदूरों और मजदूरों की स्थिति बन रही है। पुलिस को पहले ही सूचना दे दी गई थी, लेकिन अब उपकरणों की बारी है। अगर विभाग सोता रहा तो आंदोलन की गूंज पूरे देवास को जागेगी।
चमड़े के दुकानदारों
का कहना है कि सिर्फ उनके वार्ड में ही नहीं, बल्कि पूरे शहर में डायरी धारकों की भरमार है। गुड़गांव के मोहल्लों में स्टॉक खोल दिए गए हैं जहां बिना रोकटोक शराब बिक रही है। एक तरफ मुख्यमंत्री जी नशामुक्ति मध्य प्रदेश की बनी हुई हैं और दूसरी ओर दूसरी तरफ के डिविजन अधिकारी बात करते हैं माफियाओं की जेबें इन जेलों में हैं। क्या है ये सुशासन की हकीकत? कारीगरों ने सवाल करते हुए कहा कि अगर फैक्ट्री विभाग इसकी सुध नहीं लेता तो मुख्यमंत्री तक याचिका की चाहत।
10 दिन का अल्टीमेटम – कोई अंतिम कदम नहीं, तो आंदोलन
विभाग के अधिकारियों से कर सकते हैं साफ कहा कि अगर 10 दिन के अंदर वार्ड में 20 दिन का न्यूनतम विकास नगर मेन रोड पर होटल राजरोेश्वरी, पैलेस डेवलपमेंट नगर मेन रोड, आईटीआई के पास गुमटी पर, अयोध्या बस्ती, ओर विकास नगर स्कूल के पास के अलावा कई पर अवैध शराब व्यवसाय पर कार्रवाई नहीं की गई तो उनका आंदोलन सिर्फ एक प्रदर्शन नहीं बल्कि कार्यकारी विभाग का पोल वाला जन-जागरण है। होगा। आप ये मत समझिए कि मैं सिर्फ आपको जानना चाहता हूं। अब मैं चेतावनी देता हूँ। दस दिन में नहीं हुई अवैध ब्रिकी बंद तो जो आंदोलन करेगा उसका पार्ट आपको मिलेगा। देवास की जनता अब नशे के खिलाफ खड़ी हो रही है। काजल अजय तोमर जैसे काजल की आवाज को अगर प्रशासन अनसुना करता है, तो ये आंदोलन एक बड़ी चेतावनी साबित होगी। अब देखिए यह है कि प्लांट डिपार्टमेंट सोकर उठेगा या फिर इस आंदोलन की आग में अपनी छवि खराब कर देगा…!









